9 मई 2022
भूमि स्पष्ट
नाम लक्षण वास परिणाम गजप्रष्ठ दक्षिण, पश्चिम, नैॠत्य एवं वायव्य में उच्च लक्ष्मी से एवं आयु से पूर्ण कूर्मप्रष्ठ मध्य में ऊँची एवं चारों ओर नीची नित्य उत्साह,…
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9 मई 2022
नाम लक्षण वास परिणाम गजप्रष्ठ दक्षिण, पश्चिम, नैॠत्य एवं वायव्य में उच्च लक्ष्मी से एवं आयु से पूर्ण कूर्मप्रष्ठ मध्य में ऊँची एवं चारों ओर नीची नित्य उत्साह,…
पूरा पढ़ें5 मई 2022
ईशान शिव पूर्व इंद्र अग्नि अग्नि उत्तर कुबेर दक्षिण यम वायव्य वायु पश्चिम वरुण नैॠत्य निॠति पंडित पवन कुमार शर्मा
पूरा पढ़ें4 मई 2022
सुगन्धा ब्राह्मणी भूमी रक्तगन्धा तू क्षत्रिया। मधुगन्धा भवेदद्वैश्या मद्यगन्धा च शूद्रिका ।। सुगंधयुक्त भूमि ब्राह्मणी, रक्त की गंध वाली भूमि क्षत्रिया, धान्य…
पूरा पढ़ें18 अप्रैल 2022
किसी व्यक्ति को प्रयत्न करने पर भी निवास के लिये भूमि अथवा मकान न मिल रहा हो, उसे भगवान् वराह की उपासना करनी चाहिये । भगवान् वराह की उपासना करने से, उनके मन्त्…
पूरा पढ़ें18 अप्रैल 2022
जो मनुष्य गृहारम्भ या गृहप्रवेश के समय वास्तु पूजा करता है, वह आरोग्य, पुत्र, धन और धान्य प्राप्त करके सुखी होता हैं । चैत्र मास में गृहारम्भ करने से रोग और शो…
पूरा पढ़ें18 अप्रैल 2022
ये तिथियाँ गृहारम्भ के लिये शुभ फल देने वाली हैं । द्वितीया तिथि शुभ फल देने वाली हैं । तृतीयाश तिथि शुभ फल देने वाली हैं । पंचमी तिथि शुभ फल देने वाली हैं । ष…
पूरा पढ़ें18 अप्रैल 2022
जो मनुष्य गृहारम्भ या गृहप्रवेश के समय वास्तु पूजा करता है, वह आरोग्य, पुत्र, धन और धान्य प्राप्त करके सुखी होता है । मेष राशि के सूर्य में गृहारम्भ करने से शु…
पूरा पढ़ें18 अप्रैल 2022
घर के किसी अंश को आगे नहीं बढ़ाना चाहिये। यदि बढ़ाना हो तो सभी दिशाओं में समान रूप से बढ़ाना चाहिये। घर को पूर्व दिशा में बढ़ाने पर मित्रों से वैर होता है। दक्…
पूरा पढ़ें28 मार्च 2022
जिस भूमि पर मनुष्यादि प्राणी निवास करते हैं, उसे वास्तु कहा जाता है। इस के गृह, देव प्रासाद, ग्राम, नगर, आदि अनेक भेद हैं। वास्तु के आविर्भाव के विषय में मत्स्…
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