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अस्त-ग्रह-अंश

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अस्त

जब कोई ग्रह सूर्य के समीप हो कि सूर्य के प्रकाश के कारण दिखलाई न दे तो उसे अस्त कहते है।

  • चन्द्रमा सूर्य से 12 अंश दूर तक (सूर्य के अंश चन्द्रमा के अंशों से 12 अंश कम हों या अधिक) तक अस्त रहता है यह अमावस्या तथा शुक्ल पक्ष की प्रथमा को होता है।
  • मंगल सूर्य से 17 अंश की दूरी तक अस्त रहता है।
  • यदि बुध मार्गी हो तो सूर्य से 14 अंश की दूरी तक अस्त रहता है। यदि बुध वक्री हो तो 12 अंश की दूरी तक अस्त होता है।
  • बृहस्पति सूर्य से 11 अंश दूर तक अस्त होता है।
  •  शुक्र यदि मार्गी हो तो सूर्य से 10 अंश तक अस्त; किन्तु यदि शुक्र वक्री हो तो सूर्य से ८ अंश तक अस्त।
  •  सूर्य के जितने अंश हो उनसे 15 अंश पहिले और 15 अंश बाद तक शनि अस्त होता है।

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