सामग्री पर जाएं Skip to footer
वर्षजन्म से विषम वर्ष (तीन या पांच)
मासमाघ, फाल्गुन, वैशाख, ज्येष्ठ, आषाढ़
पक्षशुक्लपक्ष तथा कृष्णपक्ष में प्रतिपदा से पंचमी तिथि पर्यत्न
तिथियाँ2, 3, 5, 6, 7, 10, 11, 12
वारसोम, बुध, गुरु एवं शुक्र
नक्षत्रअश्विनी, आर्द्रा, पुनर्वसु, पुष्य, हस्त, चित्रा, स्वाती, अनुराधा, श्रवण एवं रेवती
लग्नवृष, मिथुन, कन्या, धनु एवं मीन
अन्य त्याज्य समयहरिशयन, संक्रान्ति, मासान्त, गुरु-शुकास्त, बाल, वृद्ध के अतिचार, सिंह मकराश्यंश्यस्थ गुरु, गुर्वादित्य योग

hi_INHI
_____________________________________________________________